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मेवाड़ का गुहिल वंश PYQ in Hindi - पेज 37

इस पेज पर Rajasthan GK के मेवाड़ का गुहिल वंश से संबंधित पिछले वर्षों में पूछे गए महत्वपूर्ण वस्तुनिष्ठ प्रश्न (MCQ) उत्तर और व्याख्या सहित दिए गए हैं। कुल 443 प्रश्नों में से यह पेज 37 है।

361

मेवाड़ के इतिहास में शासन का त्याग कर सौतेले भाई को राजा स्वीकार करने की भीष्म प्रतिज्ञा की थी -

Aलाखा ने
Bरणमल ने
Cक्षेत्र सिंह ने
Dचूंडा ने

सही उत्तर: चूंडा ने

व्याख्या (Explanation)

राणा लाखा के बड़े पुत्र चूँडा ने यह प्रतिज्ञा ली कि ‘मेवाड़ के सिंहासन पर उसका या उसके उत्तराधिकारी का कोई अधिकार नहीं होगा, बल्कि राजकुमारी हंसाबाई से उत्पन्न होने वाली संतान का होगा।’

362

निम्नलिखित में से किस राजपूत ने ‘विजय कटकातू’ की उपाधि धारण की थी -

Aमहाराणा राजसिंह
Bमहाराणा सांगा
Cमहाराणा कुम्भा
Dमहाराजा जसवंत सिंह

सही उत्तर: महाराणा राजसिंह

व्याख्या (Explanation)

राजसिंह ने अपने साथियों तथा प्रजा में सैनिक-जीवन की अभिव्यक्ति के लिए ‘विजय कटकातु’ की उपाधि धारण की।

363

डूँगरपुर राज्य से गुहिल राजवंश का संस्थापक कौन था -

📋 पूछा गया: Lab Assistant Exam 2022 (Science) 29 June 2022 Paper-1
Aआसकरण
Bसीसमल
Cसामन्त सिंह
Dउदयसिंह

सही उत्तर: उदयसिंह

व्याख्या (Explanation)

महारावल उदयसिंह ने अपने जीवनकाल में ही अपना राज्य दो भागों में बाँट दिया था-पश्चिमी भाग (डूंगरपुर) ज्येष्ठ पुत्र पृथ्वीराज को तथा पूर्वी भाग (बाँसवाड़ा) दूसरे पुत्र जगमाल को दे दिया।

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स्रोत: Lab Assistant Exam 2022 (Science) 29 June 2022 Paper-1

364

अकबर द्वारा महाराणा प्रताप से बातचीत हेतु भेजे गए दूतों का सही क्रम छांटिए -

Aजलाल खां, मानसिंह, भगवंत दास, टोडरमल
Bमानसिंह, जलाल खां, टोडरमल, भगवंत दास
Cजलाल खां, टोडरमल, मानसिंह, भगवंत दास
Dटोडरमल, जलाल खां, मानसिंह, भगवंत दास

सही उत्तर: जलाल खां, मानसिंह, भगवंत दास, टोडरमल

व्याख्या (Explanation)

अकबर ने अपनी गुजरात विजय के बाद अपने मनसबदार जलाल खाँ कोरची को राणा प्रताप के पास इस आशय से भेजा कि वह (राणा) अकबर की अधीनता स्वीकार कर ले। राणा प्रताप ने शिष्टता के साथ इस प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। अकबरनामा और इकबालनामा के अनुसार जब मानसिंह गुजरात से लौट रहा था तो उसे आदेश दिया गया कि वह उदयपुर जाकर राणा प्रताप को समझाये कि वह अकबर की सर्वोपरि शक्ति को मान्यता दे और शाही दरबार में उपस्थित हो। इसके बाद इसी आशय से दो और पैगाम महाराणा के पास भगवन्तदास तथा टोडरमल के नेतृत्व में भेजे गये, परन्तु पहले की भाँति वे भी विफल रहे।

365

मेवाड़ के किस महाराणा ने अजमेर दरगाह के लिए चार गांव अनुदान में दिए -

📋 पूछा गया: JSA Documents-2019(Rajasthan Gk)
Aमहाराणा संग्रामसिंह
Bमहाराणा जगतसिंह द्वितीय
Cमहाराणा फतेहसिंह
Dमहाराणा अमरसिंह द्वितीय

सही उत्तर: महाराणा जगतसिंह द्वितीय

व्याख्या (Explanation)

मेवाड़ के महाराणा जगतसिंह द्वितीय ने अजमेर दरगाह के लिए चार गांव अनुदान में दिए थे।

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स्रोत: JSA Documents-2019(Rajasthan Gk)

366

निम्नलिखित युद्धों का सही कालक्रम चुनिए - (1)हल्दीघाटी का युद्ध (2) खानवा का युद्ध (3) तराइन का द्वितीय युद्ध सही कूट चुनिए -

📋 पूछा गया: Basic Computer Instructor Exam 2022 Paper 1
A1, 2, 3
B2, 3, 1
C3, 2, 1
D1, 3, 2

सही उत्तर: 3, 2, 1

व्याख्या (Explanation)

हल्दीघाटी (राजसमंद) का युद्ध (18 जून, 1576) : राणा प्रताप एवं अकबर खानवा का युद्ध (17 मार्च, 1527) : राणा सांगा एवं जहीरुद्दीन मुहम्मद बाबर तराइन का द्वितीय युद्ध (1192 ई.) : पृथ्वीराज एवं मुहम्मद गौरी

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स्रोत: Basic Computer Instructor Exam 2022 Paper 1

367

महाराणा प्रताप ने अपनी नवीन राजधानी चावण्ड में कब स्थापित की -

📋 पूछा गया: Basic Computer Instructor Exam 2022 Paper 1
A1576 ई.
B1582 ई.
C1585 ई.
D1594 ई.

सही उत्तर: 1585 ई.

व्याख्या (Explanation)

सन् 1585 के बाद अकबर ने मेवाड़ पर कोई आक्रमण नहीं किया। राणा ने पहले गोगुन्दा फिर कुंभलगढ़ को तत्पश्चात् चावण्ड का अपनी आपातकालीन नई राजधानी बनाया। महाराणा प्रताप ने 1585 ई. में चावंड के शासक लूणा को परास्त कर चावंड को अपनी राजधानी बनाया। यह नगर अमरिसिंह के काल में 1614 ई. तक मेवाड़ मेवाड़ राज्य की राजधानी रहा।

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स्रोत: Basic Computer Instructor Exam 2022 Paper 1

368

किस मेवाड़ शासक के समय जावर की खानों में चाँदी की प्राप्ति हुई थी -

📋 पूछा गया: JEN 2022: Civil Diploma (GK)
Aमहाराणा लाखा
Bमहाराणा मोकल
Cराणा हम्मीर
Dराणा क्षेत्र सिंह

सही उत्तर: महाराणा लाखा

व्याख्या (Explanation)

राणा लाखा के समय में जावर माइन्स से चांदी और सीसा बहुत अधिक मात्रा में निकलने लगा जिससे आर्थिक समृद्धि बढ़ी।

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स्रोत: JEN 2022: Civil Diploma (GK)

369

चित्तौड़ के द्वितीय साका में किस रानी ने जौहर किया था -

📋 पूछा गया: JEN 2022: Civil Diploma (GK)
Aपदमिनी
Bकर्मावती
Cजसमती
Dजीजाबाई

सही उत्तर: कर्मावती

व्याख्या (Explanation)

राणा सांगा की हाडी रानी कर्मावती के दो अल्प आयु पुत्र विक्रमादित्य व उदयसिंह थे। विक्रमादित्य अल्प वयस्क तो रानी कर्मावती संरक्षिका बनी। सन् 1535 में गुजरात के बहादुरशाह ने मेवाड़ पर आक्रमण किया। इस समय राणा सांगा के द्वितीय पुत्र विक्रमादित्य का (1531-36 ई.) शासन था। वह किले की रक्षा का भार देवलिया प्रतापगढ़ के ठाकुर बाघसिंह को सौंप कर बूँदी चला गया। चित्तौड़ की रक्षार्थ कर्मावती (कर्णावती) ने मुगल बादशाह हुमायूँ राखी भेजी। मगर हुमायूँ समय पर सहायता नहीं कर सका। अतः किले का पतन जानकर रानी कर्मावती ने अन्य राजपूत स्त्रियों के साथ इनमें विक्रमादित्य की पत्नी जवाहर बाई भी शामिल थी, जौहर किया तथा राजपूत योद्धा लड़ते हुए मारे गए।

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स्रोत: JEN 2022: Civil Diploma (GK)

370

हुरडा सम्मेलन किस वर्ष आयोजित हुआ -

📋 पूछा गया: JEN 2022: Electrical Degree (GK)
A1734 ई.
B1740 ई.
C1804 ई.
D1757 ई.

सही उत्तर: 1734 ई.

व्याख्या (Explanation)

सवाई जयसिंह ने राजस्थान में बढ़ती हुई मराठा शक्ति का प्रतिरोध करने के लिए मेवाड़ के जगतसिंह द्वितीय की अध्यक्षता में 17 जुलाई, 1734 ई. को हुरड़ा सम्मेलन का आयोजन भीलवाड़ा में करवाया, किन्तु राजपूत रियासतों को एकजुट करने का यह प्रयत्न विफल हो गया।

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स्रोत: JEN 2022: Electrical Degree (GK)

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