राजस्थान में भाट जाति का मुख्य कार्य है -
सही उत्तर: विभिन्न परिवारों की वंशावली का अभिलेख रखना
RPSC & RSMSSB PYQ Practice
इस पेज पर Rajasthan GK के राजस्थान में संगीत एवं लोकगीत से संबंधित पिछले वर्षों में पूछे गए महत्वपूर्ण वस्तुनिष्ठ प्रश्न (MCQ) उत्तर और व्याख्या सहित दिए गए हैं। कुल 300 प्रश्नों में से यह पेज 18 है।
राजस्थान में भाट जाति का मुख्य कार्य है -
सही उत्तर: विभिन्न परिवारों की वंशावली का अभिलेख रखना
‘केसरिया बालम आवो नी पधारों म्हारे देस’ को कौन से राग में प्रसिद्धी मिली -
सही उत्तर: मांड
व्याख्या (Explanation)
अल्लाह जिलाह बाई राजस्थान की विख्यात मांड गायिका थी। राजस्थान में बीकानेर जिले की अल्लाह जिलाह बाई 1982 ई. में भारत सरकार की तरफ से ‘पद्मश्री’ अलंकरण से सम्मानित की गई। इनका गाया गीत ‘केसरिया बालम आवो नी पधारों म्हारे देश’ राजस्थान के पर्यटन का एक लोगो बन गया है। इन्हें मरणोपरान्त राजस्थान रत्न पुरस्कार (पहला) - 2012 से नवाजा गया है।
शेखावाटी में ख्याति प्राप्त स्वतंत्रता सेनानी डूंगरजी-जवाहर जी के बलिदान की स्मृति में गाया जाने वाला गीत है -
सही उत्तर: छावली गीत
राजस्थान के लोक गीतों को किस भारतीय ने ‘जनसमुदाय की आत्मा’ के नाम से सम्बोधित किया है जिसके आधार पर जनसमुदाय में एक नया संचार जागृत होता है -
सही उत्तर: पं. जवाहरलाल नेहरू
व्याख्या (Explanation)
पंडित जवाहरलाल नेहरू ने राजस्थान के लोकगीतों को ‘जनसमुदाय की आत्मा’ कहा है।
मोहन वीणा के निर्माता कौन हैं -
सही उत्तर: पं. विश्वमोहन भट्ट
मूमल क्या है -
सही उत्तर: लोकगीत
महाराजा सवाई प्रताप सिंह के आश्रय में राधा गोविन्द संगीत सार के निर्माण का श्रेय किसे है -
सही उत्तर: देवर्षि भट्ट ब्रजपाल
राजस्थान में ‘पावंड़ा’ लोकगीत किस अवसर पर गाया जाता है -
सही उत्तर: नए दामाद के ससुराल आने पर स्त्रियों के द्वारा गाया गया गीत
निम्नलिखित में वाद्यों में से कौन-सा वाद्य तार वाद्य है -
सही उत्तर: रावणहत्था
स्रोत: Stenographer Comp. Exam - 2011 (Paper I)
राजस्थान में ‘गवरी देवी’ किस विधा के लिए जानी जाती है -
सही उत्तर: मांड गायन